Amethi Medical College Congress Failure: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने अमेठी को लेकर कांग्रेस पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। उन्होंने कहा ‘Amethi has been carrying Congress since ever, but Congress could not give a medical college.’ मुख्यमंत्री का यह बयान न केवल एक राजनीतिक टिप्पणी है, बल्कि दशकों से चले आ रहे विकास बनाम वंशवाद के विमर्श को फिर से केंद्र में ले आता है।
READ MORE: Yogi Adityanath News: सीएम योगी का माता प्रसाद पांडेय पर तंज ‘शिवपाल यादव के साथ बैठने का बुरा असर
Amethi लंबे समय तक कांग्रेस का गढ़ माना जाता रहा है। आज़ादी के बाद से यहां कांग्रेस के कई बड़े नेता सांसद रहे, लेकिन मुख्यमंत्री योगी का आरोप है कि इस राजनीतिक पकड़ के बावजूद बुनियादी स्वास्थ्य ढांचे खासतौर पर मेडिकल कॉलेज की स्थापना नहीं हो सकी। उनका कहना है कि जनता ने भरोसा दिया, लेकिन बदले में ठोस विकास नहीं मिला।
कांग्रेस शासन पर सीधा सवाल
सीएम योगी ने अपने संबोधन में कहा कि अमेठी की जनता ने वर्षों तक कांग्रेस को समर्थन दिया, मगर कांग्रेस नेतृत्व ने क्षेत्र को सिर्फ “राजनीतिक प्रयोगशाला” बनाकर रखा। उनके मुताबिक, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे बुनियादी क्षेत्रों में जो काम होना चाहिए था, वह नहीं हुआ। मेडिकल कॉलेज जैसे संस्थान से न सिर्फ इलाज सुलभ होता, बल्कि स्थानीय युवाओं को पढ़ाई और रोजगार के अवसर भी मिलते जो अमेठी को नहीं मिले।
READ MORE: विधानसभा में बड़ा एक्शन सिद्धार्थनगर में उर्वरक कालाबाजारी पर जिला कृषि अधिकारी निलंबित
भाजपा सरकार का विकास नैरेटिव
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि मौजूदा सरकार ने सत्ता में आने के बाद स्वास्थ्य इंफ्रास्ट्रक्चर को प्राथमिकता दी है। प्रदेश के कई जिलों में नए मेडिकल कॉलेज, सुपर स्पेशलिटी अस्पताल और मेडिकल सीटों में वृद्धि इसका उदाहरण हैं। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सरकार का लक्ष्य “इलाज, शिक्षा और रोजगार तीनों को साथ लेकर चलना” है, ताकि पूर्वांचल और अवध जैसे क्षेत्रों में वर्षों की कमी को दूर किया जा सके।
READ MORE: स्वामित्व योजना को मिलेगा स्थायी कानूनी ढांचा, यूपी में पेश हुआ ग्रामीण आबादी अभिलेख विधेयक
अमेठी में बदले सियासी समीकरण
2019 के लोकसभा चुनाव के बाद अमेठी की राजनीति में बड़ा बदलाव आया। यह बदलाव सिर्फ प्रतिनिधित्व तक सीमित नहीं रहा, बल्कि विकास की अपेक्षाओं को भी नई दिशा मिली। मुख्यमंत्री का कहना है कि अब विकास को वंशवाद की राजनीति से ऊपर रखा जा रहा है और योजनाएं वोट बैंक नहीं, ज़रूरत के आधार पर लागू हो रही हैं।
READ MORE: प्रशांत कुमार ने संभाला उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग चैयरमेन का पद, कही बड़ी बात
स्वास्थ्य सेवाओं का बड़ा मुद्दा
अमेठी और आसपास के जिलों में गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए लोगों को लखनऊ या प्रयागराज जाना पड़ता है। सीएम योगी ने इसी मुद्दे को उठाते हुए कहा कि अगर पहले मेडिकल कॉलेज बन जाता, तो हज़ारों परिवारों को राहत मिलती। उन्होंने इसे कांग्रेस की “नीतिगत विफलता” बताया।
कांग्रेस की प्रतिक्रिया और राजनीतिक बहस
सीएम योगी के बयान पर Indian National Congress की ओर से तीखी प्रतिक्रिया भी देखने को मिली है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि अमेठी में कई विकास कार्य हुए, लेकिन मौजूदा सरकार श्रेय लेने की राजनीति कर रही है। इसके बावजूद, मेडिकल कॉलेज जैसे बड़े संस्थान की अनुपस्थिति एक ऐसा सवाल है, जिसका सीधा और ठोस जवाब अब तक जनता को नहीं मिला।
READ MORE: लखनऊ में गुरु गोविंद सिंह जयंती पर 27 दिसंबर को सार्वजनिक अवकाश, सरकारी आदेश जारी
जनता के बीच संदेश
मुख्यमंत्री का बयान सीधे तौर पर मतदाताओं को यह संदेश देता है कि सिर्फ राजनीतिक पहचान नहीं, बल्कि ठोस विकास ही असली कसौटी है। अमेठी का उदाहरण देकर योगी सरकार यह बताना चाहती है कि दशकों की राजनीति के बावजूद अगर बुनियादी सुविधाएं नहीं मिलीं, तो सवाल उठना स्वाभाविक है।
READ MORE: राष्ट्र प्रेरणा स्थल लोकार्पण, प्रधानमंत्री मोदी के आगमन को लेकर लखनऊ तैयार
‘Amethi has been carrying Congress since ever, but Congress could not give a medical college’ यह पंक्ति अब सिर्फ एक बयान नहीं, बल्कि अमेठी की राजनीति का नया नैरेटिव बनती जा रही है। स्वास्थ्य, शिक्षा और विकास के सवालों पर यह बहस आने वाले समय में और तेज़ होगी। जनता के सामने विकल्प साफ है वादे या परिणाम। यही मुद्दा आने वाले चुनावों में अमेठी और उत्तर प्रदेश की राजनीति की दिशा तय कर सकता है।
Follow Us: YouTube| TV TODAY BHARAT LIVE | Breaking Hindi News Live | Website: Tv Today Bharat| X | FaceBook | Quora| Linkedin | tumblr | whatsapp Channel | Telegram
