Meerut Sadhana Kapsad Murder Case: मेरठ के कपसाड अपहरण और हत्या केस की खबर ने पूरे उत्तर प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। इस संवेदनशील और दिल दहला देने वाले मामले पर BJP के फायरब्रांड नेता संगीत सोम का बयान अब सियासत के बीच एक नया तीखा मोड़ ले चुका है। हिंग्लिश में बोले गए उनके शब्दों में गुस्सा भी है, सिस्टम पर सवाल भी और एक साफ राजनीतिक संदेश भी। ‘यह सिर्फ क्राइम नहीं, सामाजिक चुनौती है’
संगीत सोम ने कहा कि साधना कपस{ का अपहरण और मर्डर सिर्फ एक क्रिमिनल घटना नहीं है, बाल्की यह पूरे समाज के लिए एक बड़ी चुनौती है। उन्होंने सीधे शब्दों में कहा कि जब तक ऐसे अपराधियों के खिलाफ ‘उदाहरण देने वाला एक्शन’ नहीं होगा, तब तक ऐसे जुर्म रुकने वाले नहीं हैं। सोम ने इस बात पर ज़ोर दिया कि कानून को इतनी सख्ती से बनाना पड़ेगा कि क्राइम करने से पहले ही गुनेहगार का हाथ कांप जाए।
‘पीड़ित को न्याय, परिवार को सुरक्षा’
बीजेपी नेता ने कहा कि सबसे पहला फोकस पीड़ित के परिवार को न्याय दिलाना चाहिए। संगीत सोम के मुताबिक, साधना कपस[ के परिवार पर जो गुज़री है, उसका दर्द शब्दों में बयान नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा, ‘मैं परिवार के साथ खड़ा हूँ। सरकार से मेरी माँग है कि फ़ास्ट-ट्रैक कोर्ट के ज़रिए इस केस का फ़ैसला हो और दोषियों को सबसे सख़्त सज़ा मिले।’
‘विपक्ष की राजनीति पर हमला’
इस पूरे मामले में संगीत सोम ने विपक्ष पर भी जमकर निशाना साधा। उनका कहना था कि जब भी ऐसे घिनौने अपराध होते हैं, कुछ लोग तुरंत इस पर राजनीति करना शुरू कर देते हैं। सोम ने कहा कि विक्टिम के दर्द से ज़्यादा, कुछ नेता अपनी पॉलिटिकल रोटी सीखने में लगे रहते हैं। ‘यह समय ब्लेम गेम का नहीं, एक्शन का है,’ उन्होंने कहा।
‘लॉ एंड ऑर्डर पर ज़ीरो टॉलरेंस’
संगीत सोम ने UP की लॉ एंड ऑर्डर पॉलिसी का ज़िक्र करते हुए कहा कि योगी सरकार का क्लियर स्टैंड है—ज़ीरो टॉलरेंस। उन्होंने कहा कि पुलिस और एडमिनिस्ट्रेशन को पूरी छूट दी गई है कि वो बिना किसी दबाव के काम करे। अगर इस केस में किसी भी लेवल पर लैपरवाही पाई जाती है, तो ज़िम्मेदार अधिकारियों पर भी एक्शन होना चाहिए। ‘समाज को भी आगे आना होगा’
BJP नेता ने यह भी कहा कि सिर्फ सरकार या पुलिस ही ज़िम्मेदार नहीं है, बाल्की समाज को भी आगे आना होगा। माता-पिता, स्कूल और लोकल कम्युनिटी को मिलकर युवाओं को सही दिशा देनी होगी। संगीत सोम के शब्दों में, ‘जब तक हम अपने घर और मोहल्ले से सुधार शुरू नहीं करेंगे, तब तक सिर्फ कानून से सब कुछ ठीक नहीं होगा।’
‘मैसेज क्लियर है’
अपने बयान के अंत में संगीत सोम ने एक सीधा और मज़बूत मैसेज दिया मेरठ या उत्तर प्रदेश की धरती पर ऐसे अप्रवासियों के लिए कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि साधना कप्सड़ केस में जो भी दोषी है, चाहे वो कितना ही पावरफुल क्यों न हो, उससे बख्शा नहीं जाना चाहिए। इस पूरे केस पर संगीत सोम का बयान एक तरफ गुस्से और दर्द को दिखाता है, तो दूसरी तरफ यह भी बताता है कि बीजेपी इस मुद्दे को सिर्फ पॉलिटिकल एंगल से नहीं, बाल्की लॉ, ऑर्डर और सोशल ज़िम्मेदारी के रूप में देख रही है। अब सबकी नज़र इस बात पर टिकी है कि इन्वेस्टिगेशन किस रफ़्तार से आगे बढ़ती है और साधना कप्सड़ के परिवार को कब और कैसे पूरा न्याय मिलता है।
