Skip to content
By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
TV Today BharatTV Today BharatTV Today Bharat
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • राज्य-शहर
    • उत्तर प्रदेश
    • हरियाणा
    • पंजाब
    • राजस्थान
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • छत्तीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • झारखंड
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • जम्मू-कश्मीर
    • दिल्ली
  • ताजा खबर
  • क्राइम
  • राष्ट्रीय
  • खेल
  • इंटरनेशनल न्यूज़
  • बिज़नेस
  • आस्था
  • हेल्थ
  • टेक्नोलॉजी
  • वीडियो
  • वेब स्टोरीज
  • मनोरंजन
Reading: Uttarakhand Hight Caurt News : मसूरी वन प्रभाग में बाउंड्री पिलर कहां हो गया गायब ? हाईकोर्ट की सख्ती के बाद ऐसे खुला राज !
Share
Font ResizerAa
TV Today BharatTV Today Bharat
Search
  • होम
  • राज्य-शहर
    • उत्तर प्रदेश
    • हरियाणा
    • पंजाब
    • राजस्थान
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • छत्तीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • झारखंड
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • जम्मू-कश्मीर
    • दिल्ली
  • ताजा खबर
  • क्राइम
  • राष्ट्रीय
  • खेल
  • इंटरनेशनल न्यूज़
  • बिज़नेस
  • आस्था
  • हेल्थ
  • टेक्नोलॉजी
  • वीडियो
  • वेब स्टोरीज
  • मनोरंजन
Follow US

Home - Uttarakhand Hight Caurt News : मसूरी वन प्रभाग में बाउंड्री पिलर कहां हो गया गायब ? हाईकोर्ट की सख्ती के बाद ऐसे खुला राज !

DehradunRajyaUttarakhand

Uttarakhand Hight Caurt News : मसूरी वन प्रभाग में बाउंड्री पिलर कहां हो गया गायब ? हाईकोर्ट की सख्ती के बाद ऐसे खुला राज !

मसूरी वन प्रभाग में 7,375 बाउंड्री पिलर गायब होने का मामला उत्तराखंड हाईकोर्ट तक पहुंचा। CBI समेत कई एजेंसियों को नोटिस, जानिए पूरे वन भूमि घोटाले की अब तक की पूरी कहानी।

Last updated: दिसम्बर 25, 2025 10:39 अपराह्न
KARTIK SHARMA - Sub Editor Published दिसम्बर 26, 2025
Share
Uttarakhand High Court hearing on Mussoorie Forest Boundary Pillars Missing Case involving 7,375 vanished forest boundary markers and alleged forest land encroachment
मसूरी के जंगलों में गायब 7,375 बाउंड्री पिलर अब सिर्फ प्रशासनिक लापरवाही नहीं, बल्कि एक बड़े वन भूमि घोटाले की ओर इशारा कर रहे हैं। उत्तराखंड हाईकोर्ट की सख्ती से अब सच सामने आने की उम्मीद बढ़ी है।उत्तराखंड ब्यूरो रिसर्च टीम
SHARE
Highlights
  • • मसूरी वन प्रभाग में 12,321 में से 7,375 बाउंड्री पिलर गायब
  • • उत्तराखंड हाईकोर्ट ने CBI समेत कई एजेंसियों को नोटिस जारी किए
  • • सबसे ज्यादा पिलर रियल एस्टेट वाले मसूरी-राजपुर क्षेत्रों में लापता
  • • 2023 की रिपोर्ट में 60% से अधिक पिलर गायब होने का खुलासा
  • • अगली अहम सुनवाई 11 फरवरी 2026 को तय

Mussoorie Forest Boundary Pillars Missing Case: मसूरी वन प्रभाग में 7,375 बाउंड्री पिलर गायब मामला उत्तराखंड में वन संरक्षण से जुड़े अब तक के सबसे बड़े और गंभीर प्रकरणों में शामिल हो गया है। यह मामला अब सीधे उत्तराखंड हाईकोर्ट तक पहुंच चुका है, जहां अदालत ने इसे केवल प्रशासनिक लापरवाही नहीं बल्कि संभावित संगठित साजिश मानते हुए सख्त रुख अपनाया है। हाईकोर्ट की टिप्पणी के बाद वन विभाग, शासन और केंद्र सरकार तक हलचल मच गई है।

READ MORE: मैदान से मेडल तक, उत्तराखंड में खिलाड़ियों के सपने अब ले रहे हैं उड़ान

24 दिसंबर 2025 को नैनीताल में हुई सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति मनोज तिवारी की खंडपीठ ने केंद्र सरकार, उत्तराखंड सरकार, केंद्रीय जांच ब्यूरो, भारतीय सर्वेक्षण विभाग और सुप्रीम कोर्ट की केंद्रीय सशक्त समिति को नोटिस जारी कर छह सप्ताह में जवाब मांगा। अदालत ने स्पष्ट कहा कि हजारों बाउंड्री पिलरों का गायब होना सीधे तौर पर वन भूमि की सुरक्षा और कानून व्यवस्था पर हमला है, जिसे हल्के में नहीं लिया जा सकता।

READ MORE: 80% माल बरामद, फिर भी हमला क्यों? विनय त्यागी केस में प्रॉपर्टी पेपर्स का खेल

यह पूरा मामला एक जनहित याचिका (PIL) के जरिए सामने आया, जिसे पर्यावरण कार्यकर्ता नरेश चौधरी ने दायर किया। याचिका में आरोप लगाया गया कि मसूरी वन प्रभाग के हजारों हेक्टेयर वन क्षेत्र की सीमाएं जानबूझकर कमजोर की गईं, जिससे अवैध निर्माण, रिसॉर्ट, होटल और निजी परियोजनाओं को बढ़ावा मिला। याचिकाकर्ता ने वैज्ञानिक और जियो-रेफरेंसिंग सर्वे की मांग की है ताकि वास्तविक स्थिति सामने आ सके।

READ MORE: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का राष्ट्रवाद, विरासत और विकास पर प्रेरक संबोधन में कही बड़ी बात

इस घोटाले की जड़ें वर्ष 2023 से जुड़ी हैं, जब तत्कालीन मुख्य वन संरक्षक (वर्किंग प्लान) संजीव चतुर्वेदी के निर्देश पर भौतिक सत्यापन कराया गया। रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि कुल 12,321 बाउंड्री पिलरों में से 7,375 पिलर मौके से गायब थे, यानी करीब 60 प्रतिशत से अधिक। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि करीब 80 प्रतिशत पिलर मसूरी और राजपुर जैसे हाई-रियल एस्टेट क्षेत्रों में गायब पाए गए, जहां भूमि की कीमतें करोड़ों में हैं।

रिपोर्ट के अनुसार भद्रीगाड़, जौनपुर, देवलसारी, कैंपटी, मसूरी और रायपुर रेंज में सबसे ज्यादा पिलर लापता हैं। यही वे इलाके हैं जहां अवैध निर्माण और भूमि उपयोग में तेजी से बदलाव देखा गया। संजीव चतुर्वेदी द्वारा तैयार की गई 300 पन्नों की रिपोर्ट केंद्र सरकार को भेजी गई, जिस पर पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने भी मामले को बेहद गंभीर माना।

READ MORE: उन्नाव रेप केस पीड़िता 10 जनपथ पहुंची, पीएम मोदी और सोनिया गांधी से मिलने की लगाई गुहार

इसके बाद जून और अगस्त 2025 में CBI और प्रवर्तन निदेशालय से जांच की मांग उठी। आरोप है कि कुछ अधिकारियों की संपत्तियों में असामान्य वृद्धि हुई है, जिसकी निष्पक्ष जांच जरूरी है। राज्य सरकार द्वारा बनाई गई नई समिति पर भी सवाल खड़े हुए हैं, जिसे तथ्यों को कमजोर करने की आशंका जताई गई है।

READ MORE: योगी सरकार अल्पसंख्यक कल्याण पर प्रतिबद्ध, दानिश आजाद अंसारी की मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अहम मुलाकात

बाउंड्री पिलर वन भूमि की पहचान और सुरक्षा की पहली दीवार होते हैं। इनके बिना वन क्षेत्र अतिक्रमण के लिए खुला मैदान बन जाता है। यही कारण है कि हाईकोर्ट की सख्ती को पर्यावरण संरक्षण की दिशा में निर्णायक कदम माना जा रहा है। अब 11 फरवरी 2026 की अगली सुनवाई यह तय करेगी कि दोषियों पर कार्रवाई होगी या यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा।

Follow Us: YouTube| Tv today Bharat Live | Breaking Hindi News Live | Website: Tv Today Bharat|  X  | FaceBook | Quora| Linkedin | tumblr | whatsapp Channel | Telegram

You Might Also Like

Char Dham Yatra 2026: यात्रा से पहले GMVN को 2.5 करोड़ की एडवांस बुकिंग, सीजन को लेकर बढ़ी उम्मीदें

Sovereign AI: ‘सॉवरेन एआई’ के जरिए तकनीकी आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ता भारत

Iran-US-Israel War: हमलों के बाद मुस्लिम देशों की चुप्पी, क्यों बढ़ी Iran की कूटनीतिक तन्हाई?

Karachi Violence: Ali Khamenei की मौत के बाद पाकिस्तान में उबाल, Karachi में हिंसक प्रदर्शन, राजनयिक क्षेत्र के पास तनाव

CENTCOM: US-Iran War के बीच चर्चा में CENTCOM, किसने बनाई यह फोर्स, कहां है तैनाती और कैसे करती है काम?

Quick Link

  • Contact Us
  • Blog Index
TAGGED:Bharat tv liveEnvironmental GovernanceForest Boundary PillarsForest Land EncroachmentMussoorie Forest CaseToday Big BreakingUttarakhand High CourtWatch Live TV
Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Char Dham Yatra 2026
Uttarakhand

Char Dham Yatra 2026: यात्रा से पहले GMVN को 2.5 करोड़ की एडवांस बुकिंग, सीजन को लेकर बढ़ी उम्मीदें

मार्च 1, 2026
Sovereign AI
Technology

Sovereign AI: ‘सॉवरेन एआई’ के जरिए तकनीकी आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ता भारत

मार्च 1, 2026
Iran US Israel War
International

Iran-US-Israel War: हमलों के बाद मुस्लिम देशों की चुप्पी, क्यों बढ़ी Iran की कूटनीतिक तन्हाई?

मार्च 1, 2026
Karachi Violence
International

Karachi Violence: Ali Khamenei की मौत के बाद पाकिस्तान में उबाल, Karachi में हिंसक प्रदर्शन, राजनयिक क्षेत्र के पास तनाव

मार्च 1, 2026
CENTCOM
International

CENTCOM: US-Iran War के बीच चर्चा में CENTCOM, किसने बनाई यह फोर्स, कहां है तैनाती और कैसे करती है काम?

मार्च 1, 2026
Ali Khamenei Death
International

Ali Khamenei Death: मौत की आधिकारिक पुष्टि, ईरान में 40 दिन का राष्ट्रीय शोक, तेहरान से कर्बला तक उमड़ा जनसैलाब

मार्च 1, 2026

TVTodayBharat एक डिजिटल-फर्स्ट हिंदी समाचार मंच है, जहाँ हम ताज़ा खबरें, राष्ट्रीय व राज्यीय अपडेट, खेल, मनोरंजन, टेक, हेल्थ, एजुकेशन और लाइफ़स्टाइल जैसी श्रेणियों में तेज़, सटीक और संतुलित रिपोर्टिंग पेश करते हैं। हमारा उद्देश्य सरल भाषा में भरोसेमंद जानकारी पहुँचाना, हर खबर के संदर्भ और तथ्य स्पष्ट करना, और ज़रूरत पड़ने पर समय पर सुधार प्रकाशित करना है। हम सनसनी से दूर रहते हुए प्रमाणित स्रोतों, डेटा और ग्राउंड इनपुट पर आधारित पत्रकारिता करते हैं, ताकि आप एक ही जगह पर विश्वसनीय समाचार, विश्लेषण, फोटो-वीडियो और वेब स्टोरीज़ पा सकें।

  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Editorial Policy
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions

TVTodayBharat एक डिजिटल-फर्स्ट हिंदी समाचार मंच है, जहाँ हम ताज़ा खबरें, राष्ट्रीय व राज्यीय अपडेट, खेल, मनोरंजन, टेक, हेल्थ, एजुकेशन और लाइफ़स्टाइल जैसी श्रेणियों में तेज़, सटीक और संतुलित रिपोर्टिंग पेश करते हैं। हमारा उद्देश्य सरल भाषा में भरोसेमंद जानकारी पहुँचाना, हर खबर के संदर्भ और तथ्य स्पष्ट करना, और ज़रूरत पड़ने पर समय पर सुधार प्रकाशित करना है। हम सनसनी से दूर रहते हुए प्रमाणित स्रोतों, डेटा और ग्राउंड इनपुट पर आधारित पत्रकारिता करते हैं, ताकि आप एक ही जगह पर विश्वसनीय समाचार, विश्लेषण, फोटो-वीडियो और वेब स्टोरीज़ पा सकें।

  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Editorial Policy
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
© TVTodayBharat | Design by Vivek
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?